साइबर अपराधियों के जाल से बचें, पुलिस ने आमजन को दी सुरक्षा की जानकारी
थाना हजारा में साइबर हेल्प डेस्क ने ऑनलाइन धोखाधड़ी के खतरों और बचाव के उपाय बताए

साइबर अपराधियों के जाल से बचें, पुलिस ने आमजन को दी सुरक्षा की जानकारी
थाना हजारा में साइबर हेल्प डेस्क ने ऑनलाइन धोखाधड़ी के खतरों और बचाव के उपाय बताए
पूरनपुर,पीलीभीत।पुलिस अधीक्षक पीलीभीत के निर्देशन में जिले में साइबर अपराधों के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से “साइबर जागरूकता अभियान” का आयोजन किया गया। इस अभियान के तहत थाना हजारा के साइबर हेल्प डेस्क की टीम ने अपने थाना क्षेत्र के ग्रामीणों और नगरवासियों को ऑनलाइन ठगी, धोखाधड़ी और अन्य साइबर अपराधों से सुरक्षित रहने की महत्वपूर्ण जानकारी दी।साइबर हेल्प डेस्क द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम में पुलिस अधिकारियों ने उपस्थित लोगों को बताया कि किस प्रकार साइबर अपराधी लोगों को फेसबुक, व्हाट्सएप, मैसेज और कॉल के जरिए वित्तीय या व्यक्तिगत जानकारी चुराने का प्रयास करते हैं। इसके साथ ही लोगों को सुरक्षित ऑनलाइन लेन-देन करने, संदिग्ध लिंक या फर्जी कॉल से बचने, और पासवर्ड सुरक्षा के महत्व के बारे में विस्तार से समझाया गया।
कार्यक्रम के दौरान पुलिस ने ग्रामीणों को वास्तविक घटनाओं के उदाहरण भी दिए, जिनमें लोग ऑनलाइन ठगी का शिकार हुए। पुलिस अधीक्षक के निर्देशानुसार यह अभियान विशेष रूप से ग्रामीण क्षेत्रों में संचालित किया जा रहा है, जहां लोग साइबर अपराधों के प्रति कम जागरूक हैं।थाना हजारा के इंचार्ज ने बताया कि इस अभियान का मुख्य उद्देश्य आमजन को साइबर अपराध के खतरे से अवगत कराना और उन्हें सुरक्षित डिजिटल व्यवहार अपनाने के लिए प्रेरित करना है। उन्होंने यह भी बताया कि लोग किसी भी साइबर समस्या या संदेहास्पद गतिविधि की सूचना तत्काल थाने या साइबर हेल्प डेस्क को दे सकते हैं।अधिकारियों ने नागरिकों से आग्रह किया कि वे अपने स्मार्टफोन, बैंक खातों और सोशल मीडिया अकाउंट की सुरक्षा पर विशेष ध्यान दें। उन्होंने बताया कि किसी भी अनजाने लिंक पर क्लिक न करें, अपने पासवर्ड किसी के साथ साझा न करें और किसी भी वित्तीय लेन-देन में सावधानी बरतें।इस अभियान के माध्यम से पुलिस विभाग यह सुनिश्चित करना चाहता है कि जिले के नागरिक सुरक्षित तरीके से डिजिटल दुनिया का उपयोग कर सकें और साइबर अपराधियों की जालसाजी से बच सकें।थाना हजारा के साइबर हेल्प डेस्क की टीम ने आने वाले समय में और भी कई गांवों और मोहल्लों में इस प्रकार के जागरूकता सत्र आयोजित करने की योजना बनाई है, ताकि हर नागरिक साइबर सुरक्षा के प्रति सजग और सतर्क हो सके।




