बारिश-बाढ़ से बेहाल पीलीभीत, कलीनगर में राहत और पूरनपुर में आफत

बारिश-बाढ़ से बेहाल पीलीभीत, कलीनगर में प्रशासन ने दी राहत और पूरनपुर में मुसीबत
हजारा-शास्त्री नगर से कलीनगर तक हाहाकार
पीलीभीत। लगातार तीन दिनों से हो रही झमाझम बारिश ने पीलीभीत का जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। शहर की सड़कों से लेकर गांवों तक हर जगह पानी ही पानी है। हालात इतने गंभीर हैं कि जिला मुख्यालय के सरकारी दफ्तर, कॉलोनियां और बाजार तो डूबे ही हैं, अब ग्रामीण इलाकों में बाढ़ की विभीषिका ने लोगों की जिंदगी संकट में डाल दी है।रविवार रात से जारी बारिश ने कलेक्ट्रेट, तहसील, ब्लॉक कार्यालय, विकास भवन, मंडी समिति और डीआईओएस कार्यालय तक को जलमग्न कर दिया। यहां तक कि एडीएम, एसडीएम और सिटी मजिस्ट्रेट के सरकारी आवासों में भी पानी घुस गया। ऑफिसर्स कॉलोनी में अफसरों की गाड़ियां तक पानी में डूबी पड़ी हैं।
पूरनपुर में राहत सामग्री का इंतजार
ट्रांस शारदा क्षेत्र के हजारा और शास्त्री नगर गांवों में स्थिति भयावह हो गई है। घरों में पानी भरने से ग्रामीण भोजन तक नहीं बना पा रहे। महिलाएं और बच्चे सबसे ज्यादा संकट में हैं। सभी को प्रशासन से राहत सामग्री का इंतजार है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि राहत सामग्री जल्द नहीं पहुंची तो हालात और बिगड़ जाएंगे।
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कलीनगर में बाढ़ से डूबे गांव, बांटी राहत
कलीनगर क्षेत्र के गंभिया सहराई, बूंदीभूड़, महाराजपुर और बंदरबो गांव बाढ़ की चपेट में आ चुके हैं। सोमवार को तहसीलदार वीरेंद्र कुमार ने भोजन बनवाकर ग्राम प्रधानों की मदद से राहत सामग्री बंटवाई। उन्होंने बताया कि शारदा का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है और नेपाल से आने वाली जगबूड़ा नदी का पानी स्थिति को और गंभीर बना देता है।
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बीमारी और बिजली संकट का खतरा
शहर के वल्लभनगर, अशोक नगर, एकता नगर, सुनगढ़ी और स्टेशन रोड पर घर-दुकानों में पानी भरने से लोग परेशान हैं। जगह-जगह बिजली आपूर्ति बाधित है। गली-मोहल्लों में गंदा पानी भरा रहने से महामारी फैलने की आशंका गहराने लगी है।
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कक्षा 1 से 8 तक के स्कूल में छुट्टियां बढ़ी
मौसम विभाग ने ऑरेंज अलर्ट जारी कर दिया है। डीएम ने 12वीं तक के स्कूल पहले ही बंद करा दिए थे। वही कक्षा 1 से 8 तक स्कूलों में 3 अगस्त तक का अवकाश बढ़ा दिया है। प्रशासन दावा कर रहा है कि पंप लगाकर पानी निकाला जा रहा है और गांवों तक राहत सामग्री पहुंचाई जा रही है। मगर हकीकत यह है कि कई प्रभावित परिवार अब तक सरकारी मदद का इंतजार कर रहे हैं।
अफसरों की बात…….
पूरनपुर एसडीएम अजीत प्रताप सिंह ने बताया बाढ़ ग्रस्त इलाके में टीम में लगी हुई है। प्रधान के माध्यम से एक दिन पहले बाढ़ पीड़ितों के लिए भोजन की व्यवस्था कराई गई थी।
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कलीनगर तहसीलदार बीरेंद्र कुमार ने बताया अभी तक चार गांव में जल भराव हुआ है। गभिया सहराई में भोजन बनवाया जा रहा है। इसके बाद प्रधानों के माध्यम से बाढ़ पीड़ितों को खाद्य सामग्री बांटी जाएगी।




