बरेली एयरपोर्ट का नाम ‘आला हज़रत एयरपोर्ट’ रखने की मांग तेज
पूरी दुनिया में बरेली शरीफ की पहचान इमाम अहमद रज़ा खान से: नूर अहमद अजहरी

बरेली एयरपोर्ट का नाम ‘आला हज़रत एयरपोर्ट’ रखने की मांग तेज
पूरी दुनिया में बरेली शरीफ की पहचान इमाम अहमद रज़ा खान से: नूर अहमद अजहरी
पीलीभीत।बरेली शरीफ, जो पूरी दुनिया में ‘आला हज़रत इमाम अहमद रज़ा खान’ की वजह से मशहूर है, अब यहां के एयरपोर्ट का नाम भी उनके नाम पर रखने की मांग जोर पकड़ने लगी है।सामाजिक कार्यकर्ता नूर अहमद अजहरी ने कहा कि जिस तरह से बरेली शरीफ की पहचान इमाम अहमद रज़ा खान के कारण वैश्विक स्तर पर है, उसी तरह एयरपोर्ट का नाम भी ‘आला हज़रत एयरपोर्ट’ रखा जाना चाहिए।उन्होंने कहा कि आला हज़रत ने अपने विचारों और लेखनी से न केवल भारत बल्कि पूरी दुनिया में इस्लामी शिक्षाओं को फैलाया। उनके फतवे, किताबें और धार्मिक योगदान आज भी करोड़ों अनुयायियों के लिए मार्गदर्शन का काम कर रहे हैं। अजहरी का कहना है कि यदि एयरपोर्ट का नाम उनके नाम पर रखा जाता है तो यह न सिर्फ बरेली की ऐतिहासिक और धार्मिक पहचान को और मजबूत करेगा बल्कि करोड़ों अनुयायियों की आस्था का भी सम्मान होगा।स्थानीय लोगों और अनुयायियों ने भी इस मांग का समर्थन करते हुए कहा कि आला हज़रत का नाम केवल किसी धर्म विशेष तक सीमित नहीं है, बल्कि वे अमन, भाईचारे और इल्म की मिसाल हैं। एयरपोर्ट का नाम उनके नाम पर रखने से बरेली की पहचान को नई ऊँचाई मिलेगी और यहां आने वाले विदेशी मेहमानों को भी शहर की असल पहचान समझने का अवसर मिलेगा।साथ ही, लोगों ने यह भी कहा कि बरेली शरीफ आने वाले लाखों जायरीन की पहली चाहत यही होती है कि वे आला हज़रत की दरगाह पर हाजिरी दें। इसलिए एयरपोर्ट का नाम ‘आला हज़रत एयरपोर्ट’ रखने की मांग की है।




