“दस्तावेज़ों के दम पर डटे डॉ. गुरभाग सिंह: शिरडी राइस मिल खरीद को बताया पूरी तरह वैधानिक”
पीलीभीत के पूरनपुर के बंडा रोड स्थित शिरडी राइस मिल को लेकर पिछले कुछ दिनों से चल रहे विवाद ने रविवार को नया मोड़ ले लिया। जिला पंचायत अध्यक्ष प्रतिनिधि डॉ. गुरभाग सिंह ने प्रेस नोट और एक वीडियो जारी कर अपने ऊपर लगाए गए सभी आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए कहा कि राइस मिल की खरीद पूरी तरह बैंक की वैधानिक प्रक्रिया और नियमों के तहत की गई है। उन्होंने यह भी चेतावनी दी कि सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों से उनकी छवि खराब करने की कोशिश करने वालों के खिलाफ मानहानि का दावा किया जाएगा।डॉ. गुरभाग सिंह ने बताया कि संबंधित राइस मिल करोड़ों रुपये के बैंक कर्ज के कारण बंधक थी। बैंक के निर्देशानुसार बकाया राशि का भुगतान करने के बाद ही उन्हें मिल का हैंडओवर दिया गया। उन्होंने कहा कि खरीद से जुड़ी सभी औपचारिकताएं बैंक और रजिस्ट्री कार्यालय की निर्धारित प्रक्रिया के तहत पूरी की गई हैं। इस संबंध में सभी दस्तावेज उनके पास सुरक्षित हैं और जिसे भी जानकारी चाहिए, वह दस्तावेज देख सकता है।उन्होंने बताया कि राइस मिल में भीमसेन, संजीव सिंह सहित कुल आठ पार्टनर थे। रजिस्ट्री प्रक्रिया के दौरान सभी अंशधारकों को कई बार रजिस्ट्रार कार्यालय में बुलाया गया, लेकिन कुछ लोग उपस्थित नहीं हुए। इसके बावजूद बैंक के निर्देशों के अनुसार भुगतान कर कानूनी प्रक्रिया पूरी की गई। डॉ. सिंह का आरोप है कि जिन लोगों पर बैंक, किसानों और बाजार का करोड़ों रुपये बकाया है, वही अब मिल पर दावा कर विवाद खड़ा कर रहे हैं।डॉ. गुरभाग सिंह के अनुसार मिल के दो पार्टनरों ने अपना पूरा भुगतान प्राप्त कर लिया है और लिखित रूप में कोई आपत्ति न होने का पत्र भी दिया है, जो उनके पास सुरक्षित है। वहीं एक अन्य पार्टनर पर अलग से भुगतान का दबाव बनाने और अन्य लोगों को रजिस्ट्री प्रक्रिया से दूर रखने के लिए गुमराह करने का आरोप भी लगाया गया है।उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि पूरा मामला फिलहाल न्यायालय में विचाराधीन है और न्यायालय जो भी निर्णय देगा, उसे स्वीकार किया जाएगा। डॉ. गुरभाग सिंह ने इस पूरे विवाद को राजनीतिक साजिश करार देते हुए कहा कि उनकी बढ़ती सक्रियता से कुछ लोग घबराए हुए हैं और इसी वजह से बेबुनियाद आरोप लगाए जा रहे हैं।गौरतलब है कि एक दिन पहले ही दूसरे पक्ष की ओर से भी प्रेस नोट जारी कर कई आरोप लगाए गए थे, जिसके बाद यह विवाद और तेज हो गया है। फिलहाल क्षेत्र में शिरडी राइस मिल का मामला चर्चा का विषय बना हुआ है और लोगों की निगाहें अब न्यायालय के फैसले पर टिकी हुई हैं।डॉ. गुरभाग सिंह ने स्पष्ट कहा कि शिरडी राइस मिल को लेकर सोशल मीडिया और अन्य मंचों पर उनकी छवि खराब करने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि जो भी लोग बेबुनियाद आरोप लगाकर उनकी प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाने का प्रयास कर रहे हैं, उनके खिलाफ मानहानि का मुकदमा दायर किया जाएगा। उन्होंने कहा कि सभी दस्तावेज उनके पास सुरक्षित हैं और सत्य सामने आने पर सच्चाई खुद स्पष्ट हो