“मैं गांव का बेटा हूं…” — भरोसे और बदलाव की आस लेकर मैदान में उतरे फैजान खां, गोरा की तरक्की को समर्पित हुआ एक बेटा
प्रधानी चुनाव

“मैं गांव का बेटा हूं…” — भरोसे और बदलाव की आस लेकर मैदान में उतरे फैजान खां, गोरा की तरक्की को समर्पित हुआ एक बेटा
पूरनपुर,पीलीभीत। पूरनपुर ब्लाक की ग्राम पंचायत गोरा में प्रधानी चुनाव को लेकर सियासी हलचल तेज हो गई है। इसी बीच गांव के युवा समाजसेवी फैजान खां ने ग्राम प्रधानी का चुनाव लड़ने का ऐलान कर चुनावी मुकाबले को नया मोड़ दे दिया है। समर्थकों और ग्रामीणों की मौजूदगी में उन्होंने भावुक अंदाज में कहा, “मैं गांव का बेटा हूं, और गांव की तरक्की ही मेरा मकसद है। वादा नहीं, संकल्प लेकर मैदान में उतरा हूं।”फैजान खां ने स्पष्ट किया कि यदि जनता उन्हें अवसर देती है तो गोरा को भ्रष्टाचार मुक्त बनाकर विकास की नई राह पर आगे बढ़ाया जाएगा। उन्होंने कहा कि पंचायत के कार्यों में पूरी पारदर्शिता रखी जाएगी और हर निर्णय गांव की जनता की सहमति से लिया जाएगा। उनका कहना है कि सरकारी योजनाओं का लाभ हर पात्र व्यक्ति तक पहुंचाना उनकी प्राथमिकता होगी, ताकि कोई भी जरूरतमंद योजना से वंचित न रह जाए।उन्होंने प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री की जनकल्याणकारी योजनाओं को सही तरीके से लागू कराने का भरोसा दिलाते हुए कहा कि गांव में सड़क, नाली, पेयजल, स्वच्छता और शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करना उनकी प्राथमिक सूची में शामिल है। साथ ही युवाओं के लिए खेल मैदान विकसित करने और महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए स्वयं सहायता समूहों को बढ़ावा देने की भी बात कही।फैजान खां की घोषणा के बाद गांव में युवाओं में खासा उत्साह देखने को मिल रहा है। बुजुर्ग भी उनके समर्थन में खुलकर सामने आ रहे हैं। कई ग्रामीणों का कहना है कि इस बार वे ईमानदार और सक्रिय नेतृत्व को मौका देना चाहते हैं, ताकि गांव में वास्तविक बदलाव दिखाई दे। प्रधानी चुनाव की सरगर्मियों के बीच फैजान खां की एंट्री ने मुकाबले को दिलचस्प बना दिया है। अब नजरें इस बात पर टिकी हैं कि गोरा की जनता विकास और पारदर्शिता के इस संकल्प पर कितना भरोसा जताती है।




