अदालत से मिली राहत: गैंगस्टर एक्ट के मुकदमे में चुन्नन सहित दो दोषमुक्त

गैंगस्टर एक्ट के मुकदमे में चुन्नन सहित दो दोषमुक्त, अदालत से मिली राहत
पीलीभीत। विशेष सत्र परीक्षण संख्या 1002/2025, मुकदमा अपराध संख्या 180/2019, थाना पूरनपुर से संबंधित मामले में मंगलवार को विशेष न्यायाधीश (गैंगस्टर अधिनियम) / अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश गीता सिंह ने अहम फैसला सुनाया। अदालत ने अभियुक्तगण शरीफ उर्फ गुड्डू और चुन्नन खां को धारा 2/3 उत्तर प्रदेश गिरोहबंद एवं समाज विरोधी क्रियाकलाप निवारण अधिनियम के अंतर्गत दोषमुक्त कर दिया।न्यायालय ने अपने आदेश में अभियुक्तों के जमानत बंधपत्र एवं प्रतिभू पत्रों को निरस्त करते हुए उन्हें जमानत के दायित्व से मुक्त कर दिया। साथ ही यह भी स्पष्ट किया गया कि यदि इस प्रकरण में उच्च न्यायालय में अपील दाखिल की जाती है, तो अभियुक्तों को धारा 437-ए दंड प्रक्रिया संहिता के प्रावधानों के तहत ₹25,000 के एक-एक व्यक्तिगत बंधपत्र एवं समान धनराशि के दो-दो प्रतिभू पत्र प्रस्तुत करने होंगे।विशेष न्यायाधीश गीता सिंह ने अपने आदेश में यह भी निर्देशित किया कि धारा 365 दंप्रसं के अंतर्गत निष्कर्ष एवं दंडादेश की एक प्रति जिला मजिस्ट्रेट, पीलीभीत को भेजी जाए। अदालत ने यह फैसला खुले न्यायालय में 03 फरवरी 2026 को सुनाया और आदेश पर हस्ताक्षर किए।फैसले के बाद अभियुक्तगण अब समाज और कानून की दृष्टि से पूरी तरह स्वतंत्र माने जाएंगे। स्थानीय कानूनी विशेषज्ञों का कहना है कि यह निर्णय इस बात को रेखांकित करता है कि किसी भी अभियुक्त को केवल ठोस साक्ष्य और प्रमाणों के आधार पर ही दोषी ठहराया जा सकता है। यदि आरोप सिद्ध नहीं होते हैं, तो न्यायालय द्वारा अभियुक्तों को न्यायिक संरक्षण दिया जाना कानून की मूल भावना है।इस निर्णय के साथ ही शरीफ उर्फ गुड्डू और चुन्नन खां अपने सामान्य नागरिक जीवन में लौट सकेंगे और उन्हें फिलहाल किसी प्रकार की कानूनी पाबंदी का सामना नहीं करना पड़ेगा। इससे पहले चुन्नन खान मर्डर के केस में बरी हो चुके हैं।




