100वां उर्से क़ासमी: मन्नतें लेकर पहुंचे जायरीन, प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद
मारहरा में ऐतिहासिक उर्स की शुरुआत,श्रद्धा और सुरक्षा दोनों चरम पर

100वां उर्से क़ासमी: मन्नतें लेकर पहुंचे जायरीन, प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद
मारहरा में ऐतिहासिक उर्स की शुरुआत,श्रद्धा और सुरक्षा दोनों चरम पर
मीनू बरकाती
पीलीभीत।मारहरा कस्बे स्थित विश्वविख्यात दरगाह शरीफ खानकाहे बरकातिया में शुक्रवार से तीन दिवसीय 100वां उर्से क़ासमी विधिवत रूप से शुरू हो गया है। ऐतिहासिक और सौवां उर्स होने के कारण इस वर्ष श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखा जा रहा है। बृहस्पतिवार से ही देश-विदेश से आने वाले जायरीनों का तांता लगना शुरू हो गया था। दरगाह परिसर और खानकाह को आकर्षक रोशनी व सजावट से भव्य रूप प्रदान किया गया है। मान्यता है कि इस पवित्र दरगाह पर सच्चे मन से मांगी गई हर मुराद पूरी होती है, जिसके चलते बड़ी संख्या में श्रद्धालु उर्स में शामिल होने पहुंचे हैं।

उर्स को शांतिपूर्ण और सुरक्षित ढंग से संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन व पुलिस ने व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की है। खानकाह परिसर से लेकर मुख्य उर्स मार्ग तक चप्पे-चप्पे पर पुलिस बल तैनात किया गया है। भीड़ नियंत्रण के लिए कई जगह नो-एंट्री ज़ोन बनाते हुए बेरिकेडिंग की गई है। उर्स मार्ग, दरगाह परिसर और आसपास के क्षेत्रों में सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं, जिनकी मदद से संदिग्ध गतिविधियों पर लगातार नजर रखी जा रही है।भीड़ के दबाव को ध्यान में रखते हुए मेले क्षेत्र में अस्थायी पुलिस चौकी स्थापित की गई है, जहां पुलिसकर्मी 24 घंटे मौजूद रहकर सुरक्षा पर निगरानी रख रहे हैं। इसके अलावा, किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पीएसी के जवान भी तैनात किए गए हैं। सीओ सदर संजय सिंह ने बताया कि सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह मजबूत है और पुलिस अलर्ट मोड पर काम कर रही है, ताकि जायरीनों को किसी तरह की असुविधा न हो।उर्से क़ासमी के शुभारंभ के साथ ही मारहरा कस्बा पूरी तरह रौनक से भर उठा है। तीन दिन तक चलने वाले इस पावन आयोजन में लाखों श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है।




