मां-बाप की खिदमत करो मां बाप जन्नत की चाबी है:सैयद नजीब हैदर नूरी बरकाती
गोरा में जश्ने गौसुल बरा व इस्लाहे मुआसारा कॉन्फ्रेंस धूमधाम से मनाई गई

मां-बाप की खिदमत करो मां बाप जन्नत की चाबी है:सैयद नजीब हैदर नूरी बरकाती
गोरा में जश्ने गौसुल बरा व इस्लाहे मुआसारा कॉन्फ्रेंस धूमधाम से मनाई गई
गोरा,पीलीभीत।विकासखंड पूरनपुर के ग्राम पंचायत गोरा में बुधवार को जश्ने गौसुल बरा व इस्लाहे मुआसारा कॉन्फ्रेंस का आयोजन बड़े ही अकीदत व एहतिराम के साथ किया गया। इस मौके पर दूर-दराज़ इलाकों से आए हजारों अकीदतमंदों ने शिरकत की।कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि हज़रत सैयद नजीब हैदर नूरी बरकाती (मारहरा शरीफ) और मुफ्ती तबरेज आलम रामपुरी तशरीफ लाए। उनके साथ सायरे इस्लाम इमरान सिद्दीकी (बरेली शरीफ), इमरान बरकाती (रामकानी, बरेली शरीफ), इमरान जफर बरकाती, तथा अनस राजा बरकाती (बरेली शरीफ) सहित कई उलमा-ए-किराम ने तशरीफ लाकर अपने बयानात से माहौल को रौशन किया।कार्यक्रम का आगाज़ तिलावत-ए-कलाम पाक और नात-ए-पाक से हुआ। इसके बाद मंच पर उलमा-ए-किराम ने इस्लाहे मुआशरा (समाज सुधार) के विषय पर अपने बयानात पेश किए।सैयद नाजिम हैदर नूरी मियां ने अपने बयान में कहा अपने मां-बाप की खिदमत करो, उनकी इज्जत करो और पांच वक्त की नमाज़ अदा करो। मां के पैरों तले जन्नत है। जिसने अपनी मां की सेवा की और उनकी बात मानी, वह इंसान कभी परेशान नहीं रहता। मां-बाप की खिदमत से इंसान की जिंदगी में बरकत आती है और सारी आफतें दूर होती हैं।हज़रत के बयान के दौरान पंडाल में बैठे हज़ारों श्रोताओं ने “सुभान अल्लाह” की सदाएं बुलंद कीं और माहौल नूरानी हो उठा।कार्यक्रम में स्थानीय लोगों के साथ-साथ दूरदराज़ इलाकों से आए अकीदतमंदों की भारी भीड़ रही। आयोजन समिति के सदस्यों नसीब, मोहम्मद इसराईल, सरजील, मोहम्मद शमीम, मोहम्मद शकील, शोएब हैदर बाहिदी,मोहम्मद सादिक बाहिदी, आमिर खान,मोहम्मद अब्दुल जब्बार बरकाती, हाफिजुर रहमान बाहिदी, मोहम्मद नबी बाहिदी, अताउर्रमान अरमान और फूल बाबू ने मिलकर कार्यक्रम को सफल बनाया।कार्यक्रम के अंत में मुल्क और मिल्लत की सलामती, अमन-चैन और भाईचारे की दुआ मांगी गई।




