व्यापार मंडल बरखेड़ा ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का पुतला किया,अमेरिकी निर्यात वस्तुओं का किया विरोध
प्रिंस भारद्वाज बजरंगी,सेठ मोहम्मद अनस,हरीश भारती,संतोष भारती के नेतृत्व में कराया गया पुतला दहन

व्यापार मंडल बरखेड़ा ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का पुतला किया,अमेरिकी निर्यात वस्तुओं का किया विरोध
प्रिंस भारद्वाज बजरंगी,सेठ मोहम्मद अनस,हरीश भारती,संतोष भारती के नेतृत्व में कराया गया पुतला दहन
बरखेड़ा,पीलीभीत।हाल ही में,अमेरिका द्वारा भारतीय वस्तुओं पर जबरदस्त टैरिफ (आयात शुल्क) लगाए जाने के विरोध में उद्योग व्यापार प्रीतिनिधि मंडल पीलीभीत के ज़िला अध्यक्ष एम ए जिलानी के निर्दश पर युवा नगर अध्यक्ष प्रिंस भारद्वाज एवं वरिष्ठ उपाध्यक्ष सेठ मोहम्मद अनस,नगर महामंत्री हरीश भारती के नेतृत्व में नगर के पदाधिकारियों ने अमरीकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का पुतला दहन कर इसका विरोध किया।नगर महामंत्री हरीश भारती ने कहा इससे भारतीय अर्थव्यवस्था पर कई तरह के नकारात्मक प्रभाव पड़ सकते हैं। इन टैरिफ से भारत के निर्यात पर सीधा असर होगा, जिससे कई उद्योगों को नुकसान उठाना पड़ सकता है और देश की आर्थिक विकास दर भी प्रभावित हो सकती है।युवा नगर अध्यक्ष प्रिंस भारद्वाज बजरंगी ने कहा अमरीका द्वारा टैरिफ लगाये जाने से भारतीय निर्यात पर सीधा प्रभाव पड़ेगा अमेरिका भारत का सबसे बड़ा निर्यात गंतव्य है। वहाँ भारतीय वस्तुओं पर भारी टैरिफ लगने से ये वस्तुएँ अमेरिका के बाजार में महंगी हो जाएंगी। इससे अमेरिकी उपभोक्ता कम टैरिफ वाले या बिना टैरिफ वाले दूसरे देशों के उत्पादों को खरीदना पसंद करेंगे, जिससे भारतीय वस्तुओं की माँग में भारी कमी आएगी।वरिष्ठ उपाध्यक्ष सेठ मोहम्मद अनस ने कहा कि इन टैरिफ के कारण अमेरिका को होने वाले भारत के निर्यात में 40-60% तक की कमी आ सकती है। इससे भारत का कुल निर्यात राजस्व बुरी तरह प्रभावित होगा।इससे छोटे एवम मध्यम वर्गीय विशेष रूप से श्रम-प्रधान क्षेत्रों जैसे कि कपड़ा, रत्न और आभूषण, चमड़ा, जूते, समुद्री खाद्य और हस्तशिल्प पर इसका सबसे अधिक प्रभाव पड़ेगा। ये उद्योग लाखों लोगों को रोजगार देते हैं, और निर्यात में कमी से इन क्षेत्रों में छंटनी और बेरोजगारी बढ़ सकती है।आर्थिक विकास और रोजगार पर असर होगा।युवा ज़िला उपाध्यक्ष नदीम अंसारी ने कहा इन टैरिफ का असर सिर्फ निर्यात तक ही सीमित नहीं रहेगा, बल्कि यह पूरी भारतीय अर्थव्यवस्था को प्रभावित करेगा।नगर युवा वरिष्ठ उपाध्यक्ष मनोज सक्सेना ने टैरिफ का विरोध करते हुए कहा कि टैरिफ के कारण भारत की सकल घरेलू उत्पाद (GDP) की वृद्धि दर में 0.2 से 1% तक की गिरावट आ सकती है।ये टैरिफ विशेष रूप से छोटे और मध्यम उद्यमों (MSMEs) के लिए बड़ा झटका होंगे। कम मार्जिन और सीमित संसाधनों के कारण, ये कंपनियाँ टैरिफ की मार को झेल नहीं पाएंगी और कई बंद होने के कगार पर पहुँच जाएँगे
नगर वरिष्ठ संगठन मंत्री डॉ जुल्फिकार ने कहा निर्यात में कमी से भारत के विदेशी मुद्रा भंडार पर दबाव बढ़ेगा, जिससे रुपये की कीमत पर असर पड़ सकता है।अमेरिकी खरीदार भारतीय आपूर्तिकर्ताओं से मुँह मोड़कर दूसरे देशों की तरफ जा सकते हैं, जिससे वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला में भारत की स्थिति कमजोर हो सकती है।अमेरिका द्वारा लगाए गए ये टैरिफ भारत के लिए एक बड़ी चुनौती हैं। इससे निर्यात,जीडीपी विकास और रोजगार पर नकारात्मक असर पड़ने की आशंका है कार्यक्रम में के नगर अध्यक्ष प्रिंस भारद्वाज बजरंगी,वरिष्ठ उपाध्यक्ष सेठ मोहम्मद अनस,नगर महामंत्री हरीश भारती के के अलावा जिला उपाध्यक्ष नदीम अंसारी,डॉ जुल्फिकार,संतोष भारती,मनोज सक्सेना,मुकेश कुमार,राजेश सक्सेना,रहीश अंसारी,डॉ ज़ुल्फ़िकार तहारत अली, सौरभ गंगवार,अफ़ाक ख़ान,पवन वर्मा, ऋषभ मौर्य,शिवम भारद्वाज,हस्सान अंसारी, रवि मौर्य,साहिद अली,उवैश क़ुरैशी,जाफ़र अली,इमरान अंसारी,फ़ैज़ान,निज़ाम,आयुष के साथ-साथ अनेकों व्यापारी गण मौजूद रहे।




