एसएसबी ने इंडो-नेपाल सीमावर्ती गांवों में ग्रामीणों एवं जनप्रतिनिधियों के साथ समन्वय बैठक की

एसएसबी ने इंडो-नेपाल सीमावर्ती गांवों में ग्रामीणों एवं जनप्रतिनिधियों के साथ समन्वय बैठक की
रिपोर्टर रणजीत सिंह भिंडर
हजारा,पीलीभीत।भारत-नेपाल अंतर्राष्ट्रीय सीमा की सुरक्षा में तैनात 49वीं वाहिनी एसएसबी, पीलीभीत न केवल सीमाओं की सुरक्षा के प्रति सजग है, बल्कि सीमावर्ती क्षेत्रों में सामाजिक सरोकारों और आपदा प्रबंधन के लिए भी निरंतर प्रयासरत रहती है। इसी कड़ी में बुधवार को पूरनपुर तहसील अंतर्गत भारत-नेपाल सीमा पर स्थित गांव सिंघाड़ा उर्फ टाटारगंज में एसएसबी 49वीं वाहिनी और वन विभाग, कंबोज नगर की संयुक्त टीम ने ग्रामीणों के साथ एक समन्वय बैठक का आयोजन किया।यह बैठक एसएसबी के कमांडेंट शेर सिंह चौधरी के निर्देशन में तथा सीमा चौकी कंबोज नगर के प्रभारी उप निरीक्षक पुष्पेंद्र कुमार के नेतृत्व में संपन्न हुई।बैठक का मुख्य उद्देश्य संभावित बाढ़ की स्थिति में एसएसबी और ग्रामीणों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करना तथा ग्रामीणों को सतर्कता बरतने के लिए जागरूक करना था। उप निरीक्षक पुष्पेंद्र कुमार ने बताया कि मानसून के कारण शारदा नदी में जलस्तर बढ़ रहा है, जिससे बाढ़ की स्थिति उत्पन्न हो सकती है। ऐसी स्थिति में एसएसबी ग्रामीणों की हर संभव सहायता के लिए तैयार है।संभावित बाढ़ की स्थिति में ऊंची जगहों पर शरण लें।15 दिनों का राशन पूर्व में ही संग्रहित रखें।आवश्यकता पड़ने पर एसएसबी से संपर्क करें।बच्चों एवं बुजुर्गों को सुरक्षित स्थानों पर पहले पहुंचाएं।सांप काटने जैसी स्थिति में तत्काल सूचना दें, ताकि अस्पताल पहुंचाने के लिए एसएसबी द्वारा वाहन की व्यवस्था की जा सके।बाढ़ के दौरान बिजली उपकरणों से दूरी बनाए रखें।उन्होंने यह भी कहा कि एसएसबी सीमाओं की सुरक्षा के प्रति हर समय सतर्क है और किसी भी प्राकृतिक आपदा अथवा आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई करने के लिए तत्पर है। उन्होंने सभी नागरिकों से अपील की कि राष्ट्र विरोधी गतिविधियों या संदिग्ध व्यक्तियों की सूचना तुरंत एसएसबी अथवा स्थानीय प्रशासन को दें।इस अवसर पर एसएसबी के उप निरीक्षक पुष्पेंद्र कुमार, सहायक उप निरीक्षक हरीश कुमार गौड़, मुख्य आरक्षी वंशीधर, भीम सिंह गौतम, बूटा सिंह, शंकर सिंह, वन विभाग से वन दरोगा हीरालाल तथा ग्रामीणों में हरवंश सिंह, कुलवंत सिंह, बचन सिंह, मोहन सिंह, भजन सिंह, प्रीतम सिंह, कृपाल सिंह, सुखविंदर सिंह, मलकीत सिंह, कुलविंदर सिंह, गुरमेज सिंह, गुरनाम सिंह सहित अनेक लोग उपस्थित रहे।




